बदरी-केदार के पूर्व विधायक कुंवर सिंह नेगी का निधन, मृत्यु से पूर्व लिखाअनूठा संदेश, बन गई नज़ीर
1 min read01/06/2023 5:16 pm
दीपक बेंजवाल / अगस्त्यमुनि
दस्तक पहाड न्यूज – अविभाज्य उत्तर प्रदेश विधानसभा में बद्री केदार के विधायक रहे शालीनता, सरल ,सज्जनता, ईमानदार और सौम्य स्वभाव के जन-जन के प्रिय नेता आदर्श विधायक वरिष्ठ अधिवक्ता कुंवर सिंह नेगी गुरूवार रात 9 बजे देहरादून में हृदय गति रुकने से आकस्मिक निधन हो गया। शुक्रवार सुबह देहरादून में उनका अंतिम संस्कार किया गया।निधन के दस मिनट पूर्व ही पर्यावरण के प्रति सजगता और पेड़ पौधों के संरक्षण के लिए प्रतिबद्धता के रूप उन्होंने अपने दाह संस्कार विद्युत शवदाह मशीन के जरिए करवाने को लेकर लिख कर व्यक्त की थी।
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शालीनता की प्रतिमूर्ति आदर्श विधायक नेगी जी की राजनीति हमेशा दलगत भावना से ऊपर रही चाहे वह किसी भी दल या समुदाय का व्यक्ति उनके पास गया हो वे सभी का सम्मान करते थे। रूद्रप्रयाग जनपद के कोटी पठालीधार गाँव के मूल निवासी कुंवर सिंह नेगी वर्ष 1980 में पहली बार निर्दलीय विधायक बने। तब उन्होंने कांग्रेस के दिग्गज नेता नरेन्द्र सिंह भंडारी को हराया। वर्ष 1985 में फिर सीमांकन हुआ और ये सीट 07 बदरी-केदार बन गई। इस बार कांग्रेस ने सन्तन बड़थ्वाल को टिकट दिया लेकिन लोकदल के नेता कुंवर सिंह नेगी इस बार चुनाव हार गए। 1989 के चुनाव में जनता दल के सुदर्शन कठैत को हराकर कुंवर सिंह नेगी कांग्रेस के टिकट पर दोबारा विधायक बने। वर्ष 1991 की राम लहर में पर्वतीय क्षेत्र में भारतीय जनता पार्टी को अपार जन समर्थन मिला और पार्टी के उम्मीदवार केदार सिंह फोनिया ने 1991, 1993 और 1996 में तीन बार इस सीट पर विजय प्राप्त की। 1991 और 1993 में उन्होंने लगातार कांग्रेस के कुंवर सिंह नेगी को हरा दिया। लगातार हार के बाद भी उनकी लोकप्रियता कम नहीं हुई और वो निरंतर जनता के लिए संघर्ष करते रहे। विधायकी के दौरान जनपद मुख्यालय गोपेश्वर होने के कारण वो यही बस गए।
उन्होंने संयुक्त जनपद चमोली बद्रीनाथ से लेकर रूद्रप्रयाग केदारनाथ के विकास में अपना महत्वपूर्ण योगदान देकर विकास कार्यों को धरातल पर उतारा तथा कई महत्वपूर्ण योजनाओं की आधारशिला धरातल पर रखी जो कि आज भी समय समय पर फलीभूत हो रही है। जड़ी-बूटी शोध संस्थान गोपेश्वर(मंडल) दूरगामी योजना आज उन्हीं की देन हैं । आज जनपद रुद्रप्रयाग एवं चमोली ने एक बहुत बड़ा आदर्श जन नेता खो दिया है। पूर्व विधायक नेगी का निधन समाज के हर क्षेत्र के लिए अपूरणीय क्षति है।
उत्तराखंड के पूर्व मुख्यमंत्री हरीश रावत ने उनके निधन पर शोक संवेदना प्रकट करते हुए कहा पूर्व मगर अभूतपूर्व विधायक, अविभाजित उत्तर प्रदेश की विधानसभा के दो बार सदस्य रहे, उत्तराखंड में वन पंचायतों के लिए कानून बनाने में जिन्होंने अभूतपूर्व सहायता दी। राज्य सरकार में दर्जा प्राप्त मंत्री भी रहे और जिस दायित्व को भी उन्होंने संभाला, उस दायित्व को उन्होंने गरिमा प्रदान करने का काम किया। एक राजनेता से ज्यादा एक उच्च श्रेणी के मानव कुंवर सिंह नेगी जी जो मूल रूप से रुद्रप्रयाग के रहने वाले हैं, मगर चमोली जिनका कार्यक्षेत्र रहा, चमोली क्यों सारा उत्तराखंड उनका कार्यक्षेत्र रहा। वो कल रात इच्छा मृत्यु को प्राप्त हो गए हैं, इच्छा मृत्यु शब्द का उपयोग में इसलिए कर रहा हूं उन्होंने दो पृष्ठ लिखे हैं और उन पृष्ठों को लिखकर के जीवन की जो मीमांसा की है और कहा है कि मैं खुशी-खुशी जाना चाहता हूं, स्वस्थ जाना चाहता हूं, किसी के ऊपर बोझ बनकर के नहीं जाना चाहता हूं और यह भी इच्छा व्यक्त की है कि मेरे मरने के बाद मेरे शरीर को रिसर्च के लिए दिया जा सकता है तो वहां दीजिए, यदि वह संभव नहीं है तो विद्युत शव गृह में जलाया जाए, यदि फिर भी मेरे शव को जलाना आवश्यक है तो मेरी राख को नदियों में बहाने के बजाय ताकि नदियां गंदी न हों उसको किसी वृक्ष की जड़ में डाला जाए! उनके अपने हस्तलिखित लेख के यह अंतिम शब्द लिखने के बाद ऐसा लगा जैसे ईश्वर ने मनोकामना पूर्ण कर ली और उनको अपने पास बुला लिया। मैं कुंवर सिंह नेगी जी को अपने भावभीनी श्रद्धांजलि अर्पित करता हूं। मेरे साथ उनका अत्यधिक स्नेह था, निरंतर मेरा मार्गदर्शन करते थे, उनके बिना में बहुत असहाय महसूस कर रहा हूं। कुंवर सिंह जी आप हमेशा हमें याद आएंगे, लोगों को आपका जीवन चरित्र हमेशा प्रेरणा देता रहेगा।
उत्तराखंड कांग्रेस के प्रदेश अध्यक्ष करण महरा और पूर्व मुख्यमंत्री हरीश रावत ने उनके पार्थिव शरीर पर पार्टी का झण्डा और पुष्प अर्पित कर श्रद्धासुमन अर्पित किए। इस दौरान मनीष खंडूरी, पूर्व विधायक केदारनाथ मनोज रावत, कमल सिंह रावत, मथुरा दत्त जोशी, नवीन जोशी, गरीमा दसोनी सहित मौजूद रहे।
उनके निधन से पैतृक गांव कोटी पठालीधार में शोक की लहर छा गई है। कोटी ग्रामवासी अरविन्द नेगी, सतेन्द्र सिंह नेगी, लक्ष्मण नेगी, राजकिशोर नेगी, पूर्व प्रधान प्रियरंजन नेगी, मयंक नेगी, पंकज नेगी, पंकज रावत समेत रूद्रप्रयाग जिला कांग्रेस अध्यक्ष कुंवर सजवाण, ब्लाक अध्यक्ष अगस्त्यमुनि हरीश गुसाई, जिलापंचायत सदस्य कुलदीप कंडारी, वरिष्ठ नेता वीरपाल रावत, पूर्व प्रधान नाकोट कुंवर लाल आर्य, दीपा देवी आर्य, बीरपाल कंडारी, सुधीर बर्त्वाल, गजेंद्र रौतेला, वरिष्ठ पत्रकार हरीश गुंसाई ने श्रद्धाजंली व्यक्त की है।
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