दस्तक पहाड न्यूज रुद्रप्रयाग।। प्रारंभिक शिक्षा निदेशक अजय नौडियाल जी एवं समस्त कार्यरत मिनिस्ट्रियल कर्मियों के साथ हुई मारपीट एवं अभद्रता की घटना के पश्चात राजकीय शिक्षक संघ जनपद रुद्रप्रयाग की एक आपातकालीन बैठक आहूत की गई। बैठक में इस कायराना कृत्य की घोर भर्त्सना एवं निंदा करते हुए दोषियों के विरुद्ध यथाशीघ्र कठोर से कठोर कार्रवाई की मांग की गई।आज रायपुर विधायक उमेश शर्मा काऊ के समर्थकों द्वारा निदेशक प्रारंभिक शिक्षा के साथ की गई मारपीट और अभद्र व्यवहार न केवल एक अधिकारी का अपमान है, बल्कि पूरे कर्मचारी एवं शिक्षक समाज की गरिमा पर सीधा प्रहार है। इस प्रकार का भय और अराजकता का वातावरण किसी भी सूरत में कार्य संस्कृति के लिए उचित नहीं है।
जिला अध्यक्ष आलोक रौथाण ने क्रांतिकारी स्वर में कहा कि यह घटना लोकतांत्रिक मूल्यों की हत्या है। यदि जनप्रतिनिधि ही कानून को हाथ में लेकर गुंडागर्दी पर उतर आएं तो यह प्रदेश के लिए अत्यंत दुर्भाग्यपूर्ण संकेत है। शिक्षक समाज इस अन्याय के खिलाफ चुप नहीं बैठेगा और दोषियों पर कठोर कार्रवाई होने तक संघर्ष जारी रहेगा। ध्यातव्य रहे इस कुक कृति की प्रदेश स्तर पर निंदा की जा रही है।
जिला मंत्री शंकर भट्ट ने तीखी प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि राम राज्य की बात करने वाली सरकार के शासन में आज जंगलराज और गुंडाराज चरम पर है। अधिकारी एवं कर्मचारी इस घटना से आशंकित हैं। यदि माननीय विधायक और उनके समर्थकों पर शीघ्र कठोर कार्रवाई नहीं की जाती, तो राजकीय शिक्षक संघ बोर्ड परीक्षाओं के बहिष्कार जैसे कठोर निर्णय लेने को बाध्य होगा। यह केवल चेतावनी नहीं, बल्कि कर्मचारी सम्मान की रक्षा का संकल्प है।
जिला उपाध्यक्ष शीशपाल पंवार ने कहा कि एक जिम्मेदार जनप्रतिनिधि का ऐसा कृत्य किसी भी परिस्थिति में क्षमा योग्य नहीं है। लोकतंत्र में संवाद और मर्यादा का स्थान होता है, न कि दबंगई और अभद्रता का।
जिला प्रवक्ता अजय भट्ट ने भी कड़े शब्दों में कहा कि यह घटना पूरे शिक्षक और कर्मचारी वर्ग के आत्मसम्मान को ठेस पहुंचाने वाली है। यदि प्रशासन द्वारा त्वरित और निष्पक्ष कार्रवाई नहीं की गई तो राजकीय शिक्षक संघ सड़कों पर उतरकर व्यापक आंदोलन के लिए बाध्य होगा, जिसकी सम्पूर्ण जिम्मेदारी शासन-प्रशासन की होगी।
राजकीय शिक्षक संघ जनपद रुद्रप्रयाग स्पष्ट करता है कि कर्मचारी सम्मान और सुरक्षा से कोई समझौता नहीं किया जाएगा। यदि शीघ्र न्याय नहीं मिला तो संगठन चरणबद्ध आंदोलन करेगा। बैठक में जनपदीय संरक्षक नरेश कुमार भट्ट, जनपद संयुक्त मंत्री दीपक नेगी, महिला उपाध्यक्ष कुसुम भट्ट, महिला संयुक्त मंत्री विमला राणा, संगठन मंत्री मनमोहन गुसाईं, संगठन मंत्री महिला सुलेखा सेमवाल, ब्लॉक अध्यक्ष अगस्त्यमुनि अंकित रौथान, मंत्री संदीप भट्ट, ऊखीमठ अध्यक्ष पंचम राणा, मंत्री दिलबर कोटवाल, जखोली अध्यक्ष प्रवीन घिगड़ियाल, मंत्री माही कोठियाल सहित समस्त पदाधिकारी उपस्थित रहे और एक स्वर में इस घटना की कड़ी निंदा की।











