दस्तक पहाड न्यूज अगस्त्यमुनि। अगस्त्यमुनि बाजार के ऊपर निर्माणाधीन एनएच-107 बाईपास सड़क को लेकर बसन्त विहार कॉलोनी के निवासियांें ने गंभीर चिंता जताई है। उन्होंने नपं अध्यक्ष राजेन्द्र गोस्वामी के नेत्त्व में एनएच कार्यालय में अधिशासी अभियंता, राष्ट्रीय राजमार्ग रूद्रप्रयाग को ज्ञापन सौंपकर मांग की है कि बाईपास पर बनने वाले कल्बटों में पानी का निस्तारण सही ढ़ंग से हो तथा बरसाती गदेरों के लिए पुख्ता नाली व्यवस्था बनाई जाए, वरना हर साल की तरह इस बार भी आवासीय क्षेत्र जलभराव और मलबे से तबाह हो जाएगा। ज्ञापन में बताया गया है कि निर्माणाधीन बाईपास सड़क पर 3-4 गदेरे पड़ते हैं। बरसात में इनमें अत्यधिक पानी आता है जो अतिवृष्टि का रूप लेता है। यह पानी सीधे नगर पंचायत अगस्त्यमुनि की बसन्त विहार कॉलोनी और अगस्त्यमुनि बाजार के आवासीय घरों, दुकानों व सिंचित खेतों में घुस जाता है। परिणामस्वरूप घरों-दुकानों में भारी मलबा जमा हो जाता है, खेतों की फसल खराब होती है, जमीन कटान होती है और रास्ते-दीवारें टूट जाती हैं। ज्ञापन में कहा गया है कि कल की बारिश से ही कई घरों में पानी घुस गया है। बस्ती के ठीक पीछे कल्बट निर्माण से असुरक्षा और बढ़ गई है। स्थानीय निवासियों और व्यापारियों का कहना है कि चूंकि बाईपास सड़क अभी बन रही है, इसी दौरान गदेरों पर मजबूत नाली बनाई जाए ताकि बरसात का पानी निर्मित नाली के माध्यम से आवासीय क्षेत्र से बाहर निकल जाए। इससे बसन्त विहार कॉलोनी और बाजार के घर-दुकानें व खेतों को नुकसान से बचाया जा सकेगा। ज्ञापन में चेतावनी दी गई है कि सही प्लानिंग न होने पर किसी भी प्रकार की हानि के लिए एनएच विभाग पूर्व में ही उत्तरदायी होगा।
एनएच के अधिशासी अभियन्ता ई. औंकार पाण्डेय ने तत्काल स्थानीय लोगों के साथ बाई पास का स्थलीय निरीक्षण किया और कहा कि इसके स्थाई समाधान के लिए ड्रैनेज प्लान बनाना आवश्यक है। जिलाधिकारी महोदय के संज्ञान में भी यह बात है। तथा इसके लिए एक कमेटी गठित की गई है। जिसकी रिपोर्ट आनी है। जिसके बाद स्थानीय जनता से संवाद स्थापित कर इस पर कार्य होगा।
वहीं स्थानीय लोगों का कहना है कि अगर समय रहते जल निकासी की व्यवस्था नहीं की गई तो मानसून में फिर से वही तबाही दोहराई जाएगी, जो हर साल व्यापार और जनजीवन को प्रभावित करती है। प्रशासन से मांग है कि निर्माण कार्य के साथ-साथ ड्रेनेज की पुख्ता योजना भी लागू की जाए। ज्ञापन में नंप अध्यक्ष राजेन्द्र गोस्वामी, सभासद उमा कैन्तुरा, पं0 अनिल बेंजवाल, व्यापार संघ अध्यक्ष त्रिभुवन नेगी, राजेन्द्र पुरोहित, चन्द्र सिंह रावत, दिग्पाल सिंह नेगी, चन्द्रसिंह राणा, गजे सिंह कण्डारी, सुशील नेगी, विजय बंगरवाल, प्रकाश खत्री, कुशलानन्द भट्ट सहित कई लोंगों के हस्ताक्षर रहे।











