दस्तक पहाड़ न्यूज | रुद्रप्रयाग ।। उत्तराखंड राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण, नैनीताल के दिशा-निर्देशन एवं जिला विधिक सेवा प्राधिकरण रुद्रप्रयाग की सचिव श्रीमती पायल सिंह की अध्यक्षता में शनिवार को रैतोली में “सड़क सुरक्षा जीवन रक्षा अभियान” के तहत विशेष जन-जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया गया।
कार्यक्रम में सचिव श्रीमती पायल सिंह ने सड़क सुरक्षा के महत्व पर प्रकाश डालते हुए कहा कि सड़क दुर्घटनाओं की रोकथाम केवल प्रशासन की नहीं, बल्कि प्रत्येक नागरिक की जिम्मेदारी है। उन्होंने लोगों से हेलमेट और सीट बेल्ट का अनिवार्य रूप से उपयोग करने, निर्धारित गति सीमा का पालन करने, नशे की हालत में वाहन न चलाने तथा वाहन चलाते समय मोबाइल फोन का प्रयोग न करने की अपील की।उन्होंने सड़क दुर्घटना के बाद पहले एक घंटे यानी “गोल्डन ऑवर” को जीवन रक्षा के लिए सबसे महत्वपूर्ण बताते हुए घायलों की तत्काल सहायता करने का आह्वान किया। साथ ही गुड सेमेरिटन योजना की जानकारी देते हुए बताया कि दुर्घटना में घायल व्यक्ति की निस्वार्थ सहायता करने वाले नागरिकों को विधिक संरक्षण प्रदान किया जाता है।
कार्यक्रम के दौरान वाहन चालकों को यातायात नियमों की जानकारी दी गई तथा जिन वाहनों पर रेडियम रिफ्लेक्टर नहीं थे, उन पर रिफ्लेक्टर लगाए गए। फर्स्ट एड बॉक्स और अग्निशामक यंत्र रखने के महत्व के बारे में भी जागरूक किया गया। इसके अलावा सड़क चिह्नों, यातायात संकेतों, सुरक्षित ओवरटेकिंग और जिम्मेदार ड्राइविंग के नियमों की विस्तृत जानकारी दी गई।
इस अवसर पर सड़क सुरक्षा से संबंधित पुस्तिकाएं, पम्पलेट और अन्य जागरूकता सामग्री भी वितरित की गई। साथ ही जिला विधिक सेवा प्राधिकरण द्वारा प्रदान की जाने वाली निःशुल्क विधिक सहायता, लोक अदालत, मध्यस्थता सेवाओं एवं नालसा टोल फ्री हेल्पलाइन नंबर 15100 की जानकारी भी आमजन को दी गई। कार्यक्रम में चेतन प्रकाश (रीजनल इंस्पेक्टर), विजय कुमार आर्य (परिवहन कर अधिकारी, पौड़ी), शंकर सिंह पुंडीर (परिवहन निरीक्षक), रिटेनर अधिवक्ता श्रीमती यशोदा खत्री, पीएलवी एवं जिला विधिक सेवा प्राधिकरण के कर्मचारीगण उपस्थित रहे और कार्यक्रम के सफल संचालन में सहयोग प्रदान किया।











