Responsive Menu

Download App from

Download App

Follow us on

Donate Us

गंगानगर पुल की सुरक्षा पर सवाल, करोड़ों के काम में गुणवत्ता पर उठी उंगली, कामचलाऊ दीवार से कैसे बचेगा पुल? स्थानीय लोगों ने जताई चिंता

दस्तक पहाड न्यूज अगस्त्यमुनि।। केदारनाथ राष्ट्रीय राजमार्ग पुनर्निर्माण के साथ गंगानगर पुल के आधार को सुरक्षित करने के लिए चल रहे निर्माण कार्य की ताजा तस्वीरों ने एक बार फिर कार्य की गुणवत्ता पर सवाल खड़े कर दिए हैं। स्थानीय लोगों का आरोप है कि पुल सुरक्षा के नाम पर बनाए जा रहे कंक्रीट ब्लॉकों में लगभग 80 प्रतिशत तक नदी के गोल पत्थर भरे जा रहे हैं, जबकि उनमें सीमेंट-कंक्रीट का उपयोग बेहद कम मात्रा में दिखाई दे रहा है।क्षेत्रवासियों का कहना है कि जिस स्थान पर हर वर्ष बरसात के दौरान नदी का तीव्र बहाव और कटाव देखने को मिलता है, वहां मजबूत आरसीसी अथवा तकनीकी मानकों के अनुरूप सुरक्षा दीवार बनाई जानी चाहिए थी। लेकिन मौके पर तैयार किए जा रहे ब्लॉकों को देखकर यह निर्माण कार्य केवल औपचारिकता तक सीमित नजर आ रहा है।स्थानीय लोगों ने बताया कि गंगानगर पुल जवाहरनगर मुहल्ले सहित बड़मा क्षेत्र के 80 गाँवों की महत्वपूर्ण जीवनरेखा है और इसकी सुरक्षा से हजारों लोगों की आवाजाही जुड़ी हुई है। ऐसे में यदि निर्माण कार्य निर्धारित मानकों के अनुरूप नहीं हुआ तो भविष्य में भारी नुकसान की आशंका से इनकार नहीं किया जा सकता। जवाहरनगर निवासियों का कहना है कि बरसात में पुल के साथ हो रहे घटिया निर्माण से जवाहरनगर को कोई खतरा उत्पन्न होता है इसकी पूरी जिम्मेदारी राष्ट्रीय राजमार्ग विभाग, संबधित कार्यदायी संस्था और ठेकेदार की होगी। जवाहरनगर निवासियों का एक शिष्टमंडल पूर्व में विभाग और जिलाधिकारी रुद्रप्रयाग को ज्ञापन सौंप चुका है। उन्होंने कार्य की गुणवत्ता की जांच की मांग की है

गौरतलब है कि हाल ही में मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने स्वयं इस स्थल का निरीक्षण कर गुणवत्तापूर्ण और टिकाऊ निर्माण कार्य के निर्देश दिए थे। इसके बावजूद मौके से सामने आ रही तस्वीरें निर्माण एजेंसी और निगरानी व्यवस्था पर सवाल खड़े कर रही हैं। क्षेत्रवासियों ने प्रशासन, राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण और संबंधित विभागों से निर्माण कार्य की तकनीकी जांच कर गुणवत्ता सुनिश्चित करने की मांग की है, ताकि बरसात के मौसम में पुल और आसपास के क्षेत्र को किसी संभावित खतरे से बचाया जा सके।

Advertisement Box

 

रुद्रप्रयाग जिले के भट्टवाड़ी गाँव निवासी दिनेश भट्ट बने दिल्ली हाईकोर्ट के अतिरिक्त न्यायाधीश, गांव से आज भी बना है गहरा लगाव
आज फोकस में

रुद्रप्रयाग जिले के भट्टवाड़ी गाँव निवासी दिनेश भट्ट बने दिल्ली हाईकोर्ट के अतिरिक्त न्यायाधीश, गांव से आज भी बना है गहरा लगाव

पेयजल की गुणवत्ता पर डीएम सख्त, लेकिन सवाल—अब तक स्कूलों और अस्पतालों में दूषित पानी की शिकायतों पर क्या हुई कार्रवाई ?
आज फोकस में

पेयजल की गुणवत्ता पर डीएम सख्त, लेकिन सवाल—अब तक स्कूलों और अस्पतालों में दूषित पानी की शिकायतों पर क्या हुई कार्रवाई ?

खुशखबरी: रोपवे से जुड़ेगा देवभूमि का पर्यटन, सोनप्रयाग-केदारनाथ, कार्तिक स्वामी समेत छह प्रमुख परियोजनाएं प्रस्तावित, सड़कों का दबाव होगा कम, पर्यटन और रोजगार को मिलेगा बढ़ावा
आज फोकस में

खुशखबरी: रोपवे से जुड़ेगा देवभूमि का पर्यटन, सोनप्रयाग-केदारनाथ, कार्तिक स्वामी समेत छह प्रमुख परियोजनाएं प्रस्तावित, सड़कों का दबाव होगा कम, पर्यटन और रोजगार को मिलेगा बढ़ावा

वाण गांव में मां नंदा का अपने भाई से मिलन, सैकड़ों नंदा भक्त बने साक्षी
आज फोकस में

वाण गांव में मां नंदा का अपने भाई से मिलन, सैकड़ों नंदा भक्त बने साक्षी

खुशखबरी दीजिए बधाई, मुख्यमंत्री युवा विद्यार्थी मंथन में रुद्रप्रयाग के चार विद्यार्थियों का चयन
आज फोकस में

खुशखबरी दीजिए बधाई, मुख्यमंत्री युवा विद्यार्थी मंथन में रुद्रप्रयाग के चार विद्यार्थियों का चयन

मुख्यमंत्रियों ने कालीमठ में टेका मत्था, सुविधाओं के नाम पर अब भी खाली हाथ श्रद्धालु ! बदहाल इंतजामों पर फूटा पंचगाईं का गुस्सा
आज फोकस में

मुख्यमंत्रियों ने कालीमठ में टेका मत्था, सुविधाओं के नाम पर अब भी खाली हाथ श्रद्धालु ! बदहाल इंतजामों पर फूटा पंचगाईं का गुस्सा

आज का राशिफल

वोट करें

आमिर की अगली फिल्म 'सितारे जमीन पर' का ट्रेलर हाल ही में रिलीज हुआ। क्या यह फिल्म आमिर को बॉक्स ऑफिस पर सफलता दिला पाएगी?

Advertisement Box

मंगलवार, 22 सितंबर 2026

आज का सुविचार

रिश्ते कांच की तरह नाजुक होते हैं, उन्हें स्नेह, सम्मान और विश्वास से सींचना पड़ता है। शब्दों का प्रयोग सोच-समझकर करें, क्योंकि एक बार कहे गए शब्द वापस नहीं लिए जा सकते।

Advertisement Box

और भी पढ़ें

[news_reels]
WhatsApp