दस्तक पहाड़ न्यूज दिल्ली।। सरकार ने एक बार फिर छोटे बचत योजनाओं में निवेश करने वालों को कोई नया तोहफा नहीं दिया है। वित्त मंत्रालय ने सोमवार को घोषणा करते हुए कहा कि 1 अप्रैल 2026 से शुरू होने वाली तिमाही (अप्रैल–जून) के लिए सभी स्मॉल सेविंग स्कीम्स की ब्याज दरों में कोई बदलाव नहीं किया जाएगा। यानी आम निवेशकों को अब भी वही पुरानी दरों पर रिटर्न मिलेगा, जो पिछले कई महीनों से मिल रहा है।
यह लगातार आठवीं तिमाही है जब सरकार ने ब्याज दरों को जस का तस बनाए रखा है। इससे पहले आखिरी बार 2023-24 की चौथी तिमाही में कुछ योजनाओं की दरों में बदलाव किया गया था। उसके बाद से निवेशकों को नई दरों का इंतजार है, लेकिन फिलहाल उन्हें निराशा ही हाथ लगी है। अगर अलग-अलग योजनाओं की बात करें तो सुकन्या समृद्धि योजना में निवेश करने वालों को पहले की तरह 8.2% ब्याज मिलता रहेगा। वहीं, तीन साल की फिक्स्ड डिपॉजिट स्कीम पर 7.1% का रिटर्न जारी रहेगा। यह योजना उन लोगों के लिए काफी लोकप्रिय है जो सुरक्षित निवेश के साथ तय समय में अच्छा रिटर्न चाहते हैं।पब्लिक प्रोविडेंट फंड (PPF) की ब्याज दर भी 7.1% पर स्थिर रखी गई है, जबकि पोस्ट ऑफिस सेविंग अकाउंट पर 4% का ब्याज मिलता रहेगा। इसके अलावा किसान विकास पत्र (KVP) पर 7.5% ब्याज मिलेगा, जिसमें निवेश की रकम 115 महीनों में दोगुनी हो जाती है। यह स्कीम ग्रामीण और छोटे निवेशकों के बीच काफी पसंद की जाती है।
नेशनल सेविंग सर्टिफिकेट (NSC) में निवेश करने वालों को 7.7% ब्याज मिलता रहेगा। वहीं, पोस्ट ऑफिस की मंथली इनकम स्कीम (MIS) में 7.4% का रिटर्न जारी रहेगा। ये दोनों योजनाएं उन लोगों के लिए बेहतर मानी जाती हैं जो नियमित आय या सुरक्षित रिटर्न चाहते हैं।
निवेशकों का बढ़ा इंतजार
कुल मिलाकर, सरकार के इस फैसले से यह साफ है कि फिलहाल ब्याज दरों में किसी तरह की बढ़ोतरी की उम्मीद नहीं है। ऐसे में जो लोग सुरक्षित निवेश के विकल्प तलाश रहे हैं, उनके लिए ये योजनाएं स्थिर और भरोसेमंद जरूर हैं, लेकिन ज्यादा रिटर्न की उम्मीद करने वालों को अभी थोड़ा और इंतजार करना पड़ सकता है।


सरकार का ऐलान: PPF, सुकन्या









